Logo
National Journal of
Multidisciplinary
Research and Development

Search

ARCHIVES
VOL. 3, ISSUE 1 (2018)
स्कूल बस सुरक्षा प्रतिमान के संदर्भ में सुप्रीम कोर्ट के दिशा निर्देशों के अनुपालन की अवमानना एक अपराध (सागर नगर के परिप्रेक्ष्य में एक अध्ययन)
Authors
Dr. Vivek Mehta, Dr. Deepak Gupta
Abstract
किसी भी स्वस्थ एवं सुुरक्षित राष्ट्र की परिकल्पना तभी संभव है जब वहां का नौनिहाल एक विद्यार्थीं के रूप में स्वस्थ एवं सुरक्षित हो। देश का एक बहुत बड़ा वर्ग अविभावक के रूप में अपने बच्चों को बेहतर शिक्षा के लिए कृत-संकल्पित नजर आता है किंतु स्वयं के बच्चों की सुरक्षा के प्रति लगभग लापरवाह है। घर और स्कूल में बच्चे सुरक्षित हैं परंन्तु घर और स्कूल के बीच का रास्ता एवं समय ऐसे भीषण हादसों को जन्म देता है जिसमें देश के हजारों विद्यार्थियों की जान चली जाती है या फिर गम्भीर चोट का शिकार हो जाते हैं। जिसमें स्कूल बस, स्कूल वेन, आटो रिक्शा तथा अन्य वाहनों की जघन्य लापरवाही का एवं माननीय सुप्रीम कोर्ट द्वारा स्कूल बस सुरक्षा के प्रतिमान के संदर्भ में गाइड लाइन का अनुपालन न करना सबसे बड़ा कारण है। देश के माननीय सर्वोच्च न्यायालय ने संज्ञान लेते हुए स्कूली छात्र-छात्राओं के सुरक्षार्थ एक गाइड लाइन प्रतिपादित की है जिसमें स्कूल बस सुरक्षा प्रतिमान के संदर्भ में दिशा निर्देशों का निर्धारण किया है।
Download
Pages:497-503
How to cite this article:
Dr. Vivek Mehta, Dr. Deepak Gupta "स्कूल बस सुरक्षा प्रतिमान के संदर्भ में सुप्रीम कोर्ट के दिशा निर्देशों के अनुपालन की अवमानना एक अपराध (सागर नगर के परिप्रेक्ष्य में एक अध्ययन)". National Journal of Multidisciplinary Research and Development, Vol 3, Issue 1, 2018, Pages 497-503
Download Author Certificate

Please enter the email address corresponding to this article submission to download your certificate.